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मंत्रौषधि स्वर्णप्राशन संस्कार शिविर का शुभारम्भ

15 दिसम्बर 2019 को 1 दिन से 16 वर्ष तक के 1000 से अधिक बच्चों का वैदिक विधि विधान से स्वर्णप्राशन पिलाया जाएगा
उदयपुर। प्रणव योग आयुर्वेद हेल्थकेयर उदयपुर व डाबर इंडिया के संयुक्त तत्वावधान में स्वस्थ बचपन स्वस्थ मिशन के तहत एक दिवसीय विशाल स्वर्णप्राशन शिविर का विधिवत शुभारम्भ रवि पुष्य नक्षत्र, रविवार 15 दिसम्बर 2019 को प्रातः 11 बजे चेतक सर्कल स्थित प्रणव योग आयुर्वेद हेल्थकेयर पर किया जायेगा।
शिविर प्रभारी दीपिका माहेश्वरी ने बताया कि स्वर्णप्राशन एक विशेष प्रक्रिया है जिसमें प्रशिक्षित वैद्यो के द्वारा बच्चों को स्वर्ण भस्म तथा विशिष्ट बुद्धिवर्धक औषधियों से मंत्रों के साथ तैयार कर औषधकल्प बच्चों को दिया जाता है। कार्यक्रम के प्रेरणास्त्रोत वैद्य शोभालाल औदिच्य ने बताया कि जन्म से लेकर 16 वर्ष तक आयु के बच्चों में स्वर्णप्राशन किया जा सकता है। यह बच्चों में रोग प्रतिरोधक क्षमता का वर्धक का कार्य करता है। साथ ही इसके नियमित सेवन से बच्चों की बुद्धि तेज होती है, याददाशत बढती है और बच्चों की पाचन शक्ति अच्छी होती है। इसके अलावा यह एलर्जीरोधक भी है। बच्चों में एलर्जी के कारण बार-बार खांसी, जुकाम, नजला, बालकफ, टान्सिलाइटिस, दमा और खुजली जैसी समस्या में स्वर्णप्राशन करने से कमी आती है। इससे बच्चों के रंग और रूप में भी निखार आता है तथा वजन व लम्बाई में समयानुसार वृद्धि होती है।
डाॅ. औदिच्य ने बताया कि प्रत्येक पुष्य नक्षत्र में चिकित्सकीय सलाह पर स्वर्णप्राशन प्रारम्भ किया जा सकता है। यह कल्प 24 कैरेट स्वर्ण से बनी भस्म, मधु एवं औषधिय घृत द्वारा तैयार किया जाता है। इस शिविर मंे 1 दिन से 16 वर्ष तक के 1000 से अधिक बच्चों का वैदिक विधि विधान से स्वर्णप्राशन संस्कार किया जायेगा।
प्रभारी दीपिका माहेश्वरी ने बताया कि प्रत्येक बच्चे का वर्ष भर का स्वर्णप्राशन कार्ड निःशुल्क बनेगा व वर्षभर प्रतिमाह हर पुष्य नक्षत्र पर शिविर का आयोजन होगा। स्वर्णप्राशन औषध सहयोग राशि मात्र 40 रूपये है।

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